जिले के जनपद पंचायत पंडरिया अंतर्गत ग्राम पंचायत रूसे के हनुमान नगर में अनुसूचित जाति विकास प्राधिकरण मद से स्वीकृत सामुदायिक भवन निर्माण कार्य पर अचानक रोक लगा दी गई है। मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत पंडरिया द्वारा 06 फरवरी 2026 को जारी आदेश में शिकायत के आधार पर कार्य को “गुणवत्ताहीन” बताते हुए आगामी आदेश तक निर्माण कार्य तत्काल प्रभाव से रोकने के निर्देश दिए गए हैं।
हालांकि, जमीनी हकीकत इससे अलग नजर आ रही है। निर्माण स्थल का अवलोकन करने पर कहीं भी स्पष्ट रूप से गुणवत्ता में कमी दिखाई नहीं देती। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि भवन निर्माण कार्य स्वीकृत स्थल पर तकनीकी मापदंडों के अनुरूप किया जा रहा है। सबसे गंभीर सवाल यह है कि अब तक निर्माण सामग्री का कोई अधिकृत लैब परीक्षण या तकनीकी जांच रिपोर्ट सार्वजनिक नहीं की गई है, जिससे यह साबित हो सके कि कार्य वास्तव में गुणवत्ताहीन है।
ग्रामीणों में चर्चा है कि बिना ठोस तकनीकी आधार के इस प्रकार कार्य रोकना संदेह पैदा करता है। लोगों का आरोप है कि यह फैसला किसी ओहदेदार या राजनीतिक दबाव में लिया गया प्रतीत होता है। गांव में यह भी कहा जा रहा है कि मामला गुणवत्ता से अधिक राजनीतिक गुटबाजी का है, जिसमें विकास कार्य को मोहरा बनाया जा रहा है।
उल्लेखनीय है कि यह निर्माण कार्य अनुसूचित जाति विकास प्राधिकरण की निधि से स्वीकृत हुआ है, जिसका उद्देश्य क्षेत्र में बुनियादी ढांचे का सुदृढ़ीकरण और सामाजिक सुविधाओं का विस्तार करना है। ऐसे में बिना पारदर्शी जांच के कार्य रोकना न केवल प्रशासनिक प्रक्रिया पर प्रश्नचिन्ह लगाता है, बल्कि ग्रामीणों के हितों के साथ भी अन्याय माना जा रहा है।
अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या प्रशासन गुणवत्ता की निष्पक्ष तकनीकी जांच कर रिपोर्ट सार्वजनिक करेगा, या फिर विकास कार्य राजनीति की भेंट चढ़ता रहेगा? ग्राम पंचायत रूसे के ग्रामीण स्पष्ट जांच और पारदर्शिता की मांग कर रहे हैं।