कृषि विभाग कबीरधाम द्वारा कृषि शिक्षा को स्कूल स्तर पर मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए पायलट प्रोजेक्ट ऑन स्कूल सॉयल हेल्थ कार्यक्रम का आयोजन पीएम श्री जवाहर नवोदय विद्यालय, उड़ियाकला में किया गया। 28 नवंबर को आयोजित इस नवाचारी कार्यक्रम का उद्देश्य छात्रों को मृदा स्वास्थ्य, उर्वरक प्रबंधन और वैज्ञानिक कृषि पद्धतियों की वास्तविक समझ प्रदान करना था।

कृषि विज्ञान केंद्र नेवारी के वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रमुख डॉ. बी.पी. त्रिपाठी ने छात्रों को मृदा स्वास्थ्य कार्ड की अवधारणा से परिचित कराया। उन्होंने मृदा नमूना संग्रहण, वैज्ञानिक विश्लेषण, संतुलित उर्वरक उपयोग तथा फसल चयन जैसे तकनीकी पहलुओं पर विस्तारपूर्वक चर्चा की। डॉ. त्रिपाठी ने बताया कि जैविक खाद और संतुलित उर्वरकों के उपयोग से कृषि लागत घटती है और उत्पादन क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि संभव है।
आत्मा परियोजना के डिप्टी प्रोजेक्ट डायरेक्टर श्री सुशील कुमार वर्मा ने छात्रों को मृदा स्वास्थ्य प्रबंधन एवं स्कूल सॉयल हेल्थ कार्ड मॉडल की विस्तृत जानकारी दी। कार्यक्रम में छात्रों को मृदा परीक्षण की अनिवार्यता एवं कबीरधाम जिले की भौगोलिक-मृदा संरचना को समझने का अवसर मिला।






