मुस्कान अभियान के तहत एक महत्वपूर्ण सफलता मिली है। थाना पिपरिया क्षेत्र से लापता नाबालिग बालिका को सकुशल बरामद कर लिया गया है और मुख्य आरोपी को कर्नाटक से गिरफ्तार किया गया है।
प्रार्थी द्वारा 3 मार्च 2025 को दर्ज रिपोर्ट के अनुसार, उसकी नाबालिग बेटी को एक अज्ञात युवक बहला-फुसलाकर ले गया था। प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक धर्मेन्द्र सिंह के निर्देश पर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पुष्पेन्द्र बघेल, पंकज पटेल एवं उप पुलिस अधीक्षक आशीष शुक्ला के पर्यवेक्षण में निरीक्षक अमित कश्यप के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। तकनीकी सहयोग के लिए सायबर सेल को भी शामिल किया गया।
साइबर ट्रेसिंग के आधार पर आरोपी की लोकेशन कर्नाटक के रामनगर जिले के ग्राम कुबांला गोडू में पाई गई, जहां से उसे गिरफ्तार किया गया। आरोपी समीर खरे (20 वर्ष), निवासी पिपरिया वार्ड क्रमांक 09 के कब्जे से नाबालिग बालिका को सकुशल बरामद किया गया।
पीड़िता के बयान में सामने आया कि आरोपी ने शादी का झांसा देकर उसका अपहरण किया और उसे शारीरिक शोषण का शिकार बनाया। आरोपी के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं तथा पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज कर 22 जून को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
इस सफलता में थाना पिपरिया की टीम, विशेषकर निरीक्षक अमित कश्यप, सायबर सेल और अन्य पुलिसकर्मियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस टीम के समर्पित प्रयासों से न केवल एक नाबालिग की सुरक्षित वापसी सुनिश्चित हुई, बल्कि आरोपी को भी कानून के शिकंजे में लाया गया।