BP NEWS CG
कवर्धाछत्तीसगढ़समाचारसिटी न्यूज़

पारंपरिक तिहार भोजली की धूम, आस्था और भाईचारे का अनोखा संगम

Flex 10x20 new_1
previous arrow
next arrow
 सावन-भादो के पावन माह में कबीरधाम जिले में पारंपरिक तिहार भोजली का उत्सव श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। ग्रामीण अंचलों से लेकर नगर तक महिलाएं और बालिकाएं गीत-संगीत के साथ भोजली का पूजन कर सामाजिक समरसता और आपसी भाईचारे का संदेश दे रही हैं।
भोजली तिहार में महिलाएं नदी, तालाब या कुएं से पवित्र जल लाकर गेहूं या अन्य अनाज के बीज बोती हैं, जिसे सात से नौ दिन तक बड़े जतन से सींचा जाता है। अंतिम दिन मतलब आज शाम को  हरी-भरी भोजली को सिर पर रखकर महिलाएं पारंपरिक गीत गाती हुई शोभायात्रा के रूप में नगर व गांव की गलियों से होकर निकलती हैं और फिर नदी या तालाब में विसर्जन करती हैं।
कवर्धा जिले में यह तिहार न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक है, बल्कि यह प्रकृति संरक्षण और सामूहिक सहभागिता की अनूठी मिसाल भी है। इस अवसर पर महिलाएं एक-दूसरे के घर जाकर शुभकामनाएं देती हैं और गांवों में मेल-मिलाप का माहौल बनता है।
इस तरह भोजली तिहार कवर्धा में संस्कृति, आस्था, प्रकृति प्रेम और भाईचारे का जीवंत प्रतीक बनकर लोगों को जोड़ने का कार्य कर रहा है।

IMG-20250710-WA0006
previous arrow
next arrow

Related posts

नगर पालिका अध्यक्ष चंद्रप्रकाश चंद्रवंशी सहित 27 पार्षदों का शपथ ग्रहण समारोह 2 मार्च को

Bhuvan Patel

सरोदादादर का बैगा पारा मंडलकोनहा पारा टोला में जल समस्या का हुआ समाधान

Bhuvan Patel

गौवंश संरक्षण के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी – विशेषर सिंह पटेल गौधाम योजना से प्रत्येक विकासखंड में मिलेगी गौवंश को नई पहचान

Bhuvan Patel

Leave a Comment

error: Content is protected !!