नगर पंचायत सहसपुर लोहारा के मुख्य मार्ग पर स्थित शांति नगर का एकमात्र यात्री प्रतीक्षालय आज उपेक्षा और लापरवाही का प्रतीक बन चुका है। स्वच्छ भारत मिशन को चुनौती देती यहां की बदहाल स्थिति न सिर्फ जनसुविधा छीन रही है, बल्कि महिलाओं और राहगीरों की सुरक्षा पर भी सीधा खतरा पैदा कर रही है।
प्रतीक्षालय के चारों ओर बड़ी-बड़ी झाड़ियां उगी हैं, जगह-जगह कचरा और गंदगी फैली हुई है, जिससे पूरा परिसर असुरक्षित और भयावह माहौल बना रहा है। विडंबना यह है कि यह स्थान नगर पंचायत कार्यालय से महज 500 मीटर की दूरी पर ही है। इसके थोड़े आगे महिला एवं बाल विकास विभाग का परियोजना कार्यालय स्थित है, जहां प्रतिदिन विकासखंडभर की आंगनवाड़ी कार्यकर्ता-सहायिकाएं आती हैं।
सड़क से लगे इस मार्ग से सिंचाई विभाग, कस्तूरबा आवासीय विद्यालय और आसपास के कई गांवों के लोग आवागमन करते हैं। लेकिन प्रतीक्षालय की जर्जर स्थिति के कारण लोगों को सड़क किनारे असुरक्षित तरीके से बस का इंतजार करना पड़ता है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि घनी झाड़ियों और गंदगी के कारण यह स्थान अब महिलाओं के लिए विशेष रूप से जोखिमभरा हो गया है।
लोगों ने नगर पंचायत से तत्काल सफाई अभियान चलाने, झाड़ियों की कटाई कराने और प्रतीक्षालय को फिर से सुरक्षित, स्वच्छ और उपयोगी बनाने की मांग की है—ताकि सार्वजनिक सुविधा वास्तव में जनता के लिए लाभकारी सिद्ध हो सके।