जिले में धान खरीदी व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है। उपार्जन केंद्र मनोहरा में हुए भौतिक सत्यापन के दौरान 124.80 क्विंटल धान की कमी पाई गई, जिसकी कीमत 2,95,651.20 रुपये आंकी गई है।
जांच में प्रथम दृष्टया धान खरीदी प्रभारी ऋषि शर्मा की भूमिका संदिग्ध पाई गई, जिसके बाद शासन को आर्थिक क्षति पहुंचाने और अमानत में खयानत के आरोप में उनके खिलाफ थाना हथबंद में FIR दर्ज की गई।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि धान खरीदी जैसी संवेदनशील प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की हेराफेरी पर जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई जा रही है। दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
गौरतलब है कि इससे पहले भी जिले में एक राइस मिलर के खिलाफ धान खरीदी में अनियमितता को लेकर FIR दर्ज हो चुकी है, जिससे जिले की खरीदी प्रणाली पर प्रशासन की सख्ती साफ झलकती है।