थाना परिसर में उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब कांग्रेस नेता अंकित बागबाहरा की पिस्टल से अचानक गोली चल गई। घटना के वक्त नेता अपनी 32 बोर की लाइसेंसी पिस्टल जमा कराने थाना पहुंचे थे, क्योंकि शस्त्र लाइसेंस की वैधता समाप्त हो चुकी थी। इसी दौरान असावधानीवश उनकी पिस्टल से जमीन की ओर गोली चल गई, जिससे थाना परिसर में मौजूद पुलिसकर्मी और अन्य लोग दहशत में आ गए।
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए कांग्रेस नेता अंकित बागबाहरा को गिरफ्तार कर लिया। बागबाहरा थाना के प्रधान आरक्षक की रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 125 के साथ-साथ आर्म्स एक्ट की धारा 25 और 27 के तहत एफआईआर दर्ज की है।
महासमुंद एसपी आशुतोष सिंह ने बताया कि पिस्टल के लाइसेंस की मियाद समाप्त होने पर अंकित बागबाहरा को नोटिस जारी किया गया था। वे उसी के पालन में पिस्टल जमा करने थाना आए थे, लेकिन इस दौरान अचानक फायरिंग हो गई। उन्होंने कहा कि मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है और दोषी पाए जाने पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि फायरिंग तकनीकी खामी की वजह से हुई या लापरवाही के कारण। फिलहाल थाना क्षेत्र में सुरक्षा बढ़ा दी गई है और पुलिसकर्मियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।
यह घटना शस्त्र नियमों के पालन और हथियारों की सुरक्षा को लेकर कई सवाल खड़े कर रही है। अब देखना यह होगा कि जांच के बाद क्या निष्कर्ष निकलते हैं और कांग्रेस नेता पर क्या कार्यवाही होता हैं।