स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय अर्जुनी में विद्यार्थियों एवं उनके पालकों से अवैध वसूली, अनुचित व्यवहार और अनियमितता के आरोपों के चलते प्रभारी प्राचार्य (मूल पद व्याख्याता एलबी) श्री खूबरचंद सरसिहा को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
कलेक्टर बलौदाबाजार-भाटापारा की जांच रिपोर्ट के आधार पर जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा अनुशंसा की गई थी, जिस पर लोक शिक्षण संचालनालय छत्तीसगढ़ द्वारा आदेश जारी किया गया है। विद्यालय में प्रवेश प्रक्रिया के दौरान रिश्वतखोरी और नियम विरुद्ध वसूली की शिकायतें सामने आई थीं, जिन्हें गंभीर मानते हुए शासन ने यह सख्त कार्रवाई की है।
निलंबन आदेश में उल्लेख किया गया है कि सरसिंहा का यह कृत्य छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 के विपरीत है। उन्हें निलंबन अवधि में नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता दिया जाएगा और विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय, बलौदाबाजार-भाटापारा में अटैच किया गया है।
शिक्षा विभाग की इस त्वरित कार्रवाई को प्रदेशभर में सरकारी स्कूलों में व्याप्त भ्रष्टाचार के खिलाफ एक कड़ा संदेश माना जा रहा है। वहीं अभिभावकों ने शासन की इस कार्रवाई का स्वागत किया है।