कवर्धा, महात्मा गांधी जयंती के अवसर पर 2 अक्टूबर 2025 को कबीरधाम जिले के सभी ग्राम पंचायत मुख्यालय एवं आश्रित ग्रामों में ग्राम सभा आयोजित होगी। कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा ने इसके लिए आदेश जारी किए हैं। इस अवसर पर ग्रामीण अपने गांव के विकास से जुड़े विषयों पर खुलकर चर्चा करेंगे और आगामी कार्ययोजनाओं को स्वीकृति प्रदान करेंगे।
विगत कार्यों की समीक्षा और पारदर्शिता
ग्राम सभा में पंचायत द्वारा पिछले तिमाही में किए गए आय-व्यय का ब्योरा प्रस्तुत किया जाएगा। साथ ही ग्रामीणों को विभिन्न विभागों से स्वीकृत कार्यों की प्रगति, व्यय राशि और शेष कार्यों की स्थिति से अवगत कराया जाएगा। इससे पंचायत स्तर पर पारदर्शिता सुनिश्चित होगी और ग्रामीण स्वयं देख पाएंगे कि शासकीय योजनाओं से उन्हें किस प्रकार लाभ मिल रहा है।
सामाजिक सुरक्षा और बुनियादी सुविधाओं पर चर्चा
ग्राम सभा में सामाजिक सहायता कार्यक्रम अंतर्गत संचालित पेंशन योजनाओं की समीक्षा होगी।
लाभान्वितों के नामों का वाचन किया जाएगा। इसके अलावा खाद्यान्न वितरण, जन्म-मृत्यु एवं विवाह पंजीयन से संबंधित प्रकरणों की स्थिति, लंबित एवं निराकृत मामलों की जानकारी भी ग्रामीणों को दी जाएगी। मौसमी बीमारियों से निपटने की तैयारी, स्वास्थ्य सुविधाओं की उपलब्धता और जागरूकता कार्यक्रम भी एजेंडे में शामिल हैं।
मनरेगा में रोजगार की नई राहें
महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के अंतर्गत 2026-27 के लिए कार्ययोजना ग्राम सभा के माध्यम से तैयार की जाएगी। युक्तधार पोर्टल पर आधारित जीआईएस तकनीक, गूगल अर्थ प्रो और भू-नक्शा सॉफ्टवेयर की मदद से योजनाओं का प्रस्ताव बनाया जाएगा।
इसमें कृषि एवं उससे संबंधित गतिविधियों को प्राथमिकता दी जाएगी, जिसके लिए न्यूनतम 60% बजट का प्रावधान है। ग्रामीण रोजगार की मांग और रोजगार उपलब्ध कराने की स्थिति का आकलन भी ग्राम सभा करेगी। इसके अतिरिक्त वन अधिकार पत्रधारकों की भूमि को कृषि योग्य बनाने, व्यक्तिगत हितग्राहियों के लिए आजीविका संवर्धन कार्यों और अन्य विकासपरक योजनाओं की पहचान की जाएगी।
‘सबकी योजना सबका विकास’ की ओर कदम
ग्राम सभा में ग्रामीणों की सहभागिता के आधार पर श्रम बजट और पंचायत विकास योजना तैयार की जाएगी। सीईओ जिला पंचायत कबीरधाम श्री अजय कुमार त्रिपाठी ने बताया कि ग्राम सभा में ग्रामीणों की राय लेकर “सेफ ऑफ प्रोजेक्ट” का निर्माण किया जाएगा ताकि योजनाओं का वास्तविक लाभ सीधे ग्रामीणों तक पहुंचे।
विकास में भागीदारी का अवसर
कलेक्टर और जिला पंचायत के अधिकारियों ने सभी ग्रामीणों से अपील की है कि वे 2 अक्टूबर को अपने-अपने ग्राम पंचायत मुख्यालय एवं आश्रित ग्रामों की ग्राम सभा में अवश्य शामिल हों। यह अवसर ग्रामीणों को अपनी आवश्यकताओं को सामने रखने और आने वाले वर्ष के लिए विकास का रोडमैप तय करने का मौका देगा।
यह ग्राम सभा न केवल सरकारी योजनाओं की जानकारी और समीक्षा का मंच है, बल्कि यह ग्रामीण लोकतंत्र की आत्मा भी है, जहां गांव अपने विकास की दिशा खुद तय करता है।