कवर्धा , उपमुख्यमंत्री एवं गृह मंत्री के निर्धारित दौरे के दौरान ड्यूटी पर जा रहे चिल्फी क्षेत्र के पटवारी उत्तम सिंह राज की सड़क दुर्घटना में दुर्भाग्यपूर्ण मृत्यु ने पूरे क्षेत्र को स्तब्ध कर दिया है। मलकछरा निवासी दिवंगत पटवारी ड्यूटी के लिए रवाना हुए थे, तभी रास्ते में हुए हादसे में उनकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद सहकर्मियों और स्थानीय नागरिकों में गहरा शोक है।
प्रशासनिक व्यवस्था पर उठे गंभीर प्रश्न
इस घटना ने एक बार फिर जिला प्रशासन की प्रोटोकॉल पालन क्षमता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। लोगो का कहना है कि शासन द्वारा तय किए गए नियम—जिनमें मुख्यालय में उपस्थिति, निर्धारित समय पर सूचना प्रणाली, और सुरक्षित यात्रा संबंधी निर्देश शामिल हैं—का पालन सख्ती से न होने के कारण कई बार आम नागरिक सहित कर्मचारी हड़बड़ी में अचानक यात्रा करने को मजबूर हो जाते हैं। मौके पर मौजूद लोगों ने कहा कि
“यदि प्रशासन ड्यूटी शेड्यूल और प्रोटोकॉल को समयपूर्व स्पष्ट कर दे, तो कर्मचारियों पर दबाव कम होता है और दुर्घटना जैसी स्थितियों की आशंका भी घटती है। यह घटना इसका जीवंत उदाहरण है।”
कर्मचारियों की संवेदना और व्यवस्था मजबूत करने की मांग
दिवंगत पटवारी के पोस्टमार्टम के दौरान परिवारजन और सहकर्मी उपस्थित रहे। शासकीय कर्मचारी संगठन ने दिवंगत पटवारी को कर्तव्यनिष्ठ बताते हुए सुरक्षा प्रोटोकॉल को मजबूती देने की मांग रखी है।
कर्मचारियों और नागरिकों ने शासन-प्रशासन से आग्रह किया है कि महत्वपूर्ण दौरों के दौरान फील्ड स्टाफ की तैनाती, यात्रा समय और सुरक्षा दिशानिर्देशों को और स्पष्ट तथा व्यवस्थित किया जाए, जिससे भविष्य में किसी भी प्रकार की दुर्घटना की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।
दिवंगत उत्तम सिंह राज के प्रति सभी ने गहरी शोक संवेदना व्यक्त की है।