जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग बलौदाबाजार ने उपभोक्ताओं के हित में एक महत्वपूर्ण निर्णय देते हुए जिला सहकारी केंद्रीय बैंक शाखा रसेड़ा को खाताधारक बेदराम फेकर को उसकी जमा राशि ब्याज सहित लौटाने और मानसिक व आर्थिक क्षतिपूर्ति प्रदान करने का आदेश सुनाया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, बेदराम फेकर ने वर्ष 2014 तक अपने बचत खाते में ₹2,37,090 जमा किए थे, जो अचानक ₹15,000 माइनस में परिवर्तित हो गया। बैंक रिकॉर्ड में यह पाया गया कि खाते से चेक के माध्यम से रकम आहरित की गई है, जबकि खाते में चेक सुविधा सक्रिय ही नहीं थी। फेकर द्वारा कई बार बैंक और संबंधित अधिकारियों से शिकायत के बावजूद उन्हें उनकी राशि नहीं लौटाई गई।
मामला जिला उपभोक्ता आयोग में पहुंचने पर, बैंक ने सफाई दी कि संबंधित कर्मचारी के विरुद्ध गबन का मामला चल रहा है, जो अभी विचाराधीन है। आयोग के अध्यक्ष श्री छमेश्वर लाल पटेल, सदस्य श्री हरजीत चावला एवं श्रीमती शारदा सोनी ने सुनवाई के पश्चात बैंक को सेवा में कमी का आंशिक दोषी मानते हुए, 2,37,090 रुपये की राशि पर 6% वार्षिक ब्याज (06 फरवरी 2014 से अदायगी तक), ₹25,000 मानसिक व आर्थिक क्षति के लिए और ₹5,000 वाद व्यय के रूप में कुल राशि 45 दिन के भीतर चुकाने का आदेश दिया।
यह निर्णय उपभोक्ता अधिकारों की रक्षा और बैंकिंग सेवाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।