छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा शिक्षा को जन-जन तक पहुँचाने और शत-प्रतिशत नामांकन सुनिश्चित करने के उद्देश्य से शाला प्रवेशोत्सव कार्यक्रम पूरे प्रदेश में मनाया जा रहा है। इसी कड़ी में पंडरिया विधायक भावना बोहरा ने आज ग्राम महली में विकासखंड स्तरीय शाला प्रवेशोत्सव में शिरकत की। इस अवसर पर उन्होंने नवप्रवेशी बच्चों का तिलक कर स्वागत किया, उन्हें गणवेश, पाठ्यपुस्तकें तथा सरस्वती सायकल योजना के तहत छात्राओं को सायकल वितरित कर शुभकामनाएं दीं।
कार्यक्रम में विधायक बोहरा ने शाला भवन एवं अतिरिक्त कक्षा कक्ष निर्माण हेतु भूमि पूजन कर शिक्षा क्षेत्र में संरचनात्मक विकास का शुभारंभ किया। उन्होंने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए शिक्षा के महत्व पर जोर दिया और कहा कि “शिक्षा ही वह साधन है जो व्यक्ति को आत्मनिर्भर और समाज को समरस बनाता है।” उन्होंने विद्यार्थियों से लगन और निष्ठा से पढ़ाई करने की अपील करते हुए अपने विद्यार्थी जीवन के अनुभव साझा किए।
विधायक बोहरा ने कहा कि डबल इंजन वाली भाजपा सरकार शिक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय जी के नेतृत्व में प्रदेश में समग्र शिक्षा योजना के तहत गुणवत्ता, अधोसंरचना और पहुंच तीनों मोर्चों पर तेजी से काम हो रहा है।
उन्होंने बताया कि –
पीएम श्री स्कूल योजना के तहत 211 स्कूलों को स्मार्ट क्लास, लैब और डिजिटल सुविधाओं से जोड़ा जा रहा है।
बिलासपुर में 100 करोड़ की लागत से एजुकेशन सिटी का निर्माण हो रहा है।
5500 से अधिक शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया जारी है, जिससे शिक्षक उपलब्धता में भारी सुधार होगा।
बच्चों को मिड-डे मील, छात्रवृत्ति और साइकिल योजना से शिक्षा में निरंतरता और सुविधा बढ़ी है।
उन्होंने कहा कि शिक्षा को रोजगार से जोड़ने के उद्देश्य से नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति लागू की गई है जिससे विद्यार्थी अब सिर्फ डिग्री नहीं, बल्कि कौशल और व्यावहारिक ज्ञान भी अर्जित कर रहे हैं।
शाला प्रवेशोत्सव के माध्यम से गाँवों तक शिक्षा का अलख जगाने की पहल को लोगों ने सराहा और विधायक भावना बोहरा का आभार जताया कि उन्होंने बच्चों के उज्ज्वल भविष्य हेतु एक नई दिशा देने का कार्य किया।