वन विभाग कवर्धा ने अवैध अतिक्रमण और गैरकानूनी व्यावसायिक गतिविधियों पर नकेल कसना शुरू कर दिया है। राष्ट्रीय राजमार्ग-30 और वन भूमि पर वर्षों से चल रहे ढाबा, चाय दुकान और टायर पंचर दुकानों के खिलाफ विभाग ने सख्त कार्रवाई की है।
वनमंडलाधिकारी के आदेशानुसार 16 अगस्त को विशेष गश्ती दल ने बोड़ला से बंजारी मार्ग तक अभियान चलाया। इस दौरान बोड़ला वृत्त के कक्ष क्रमांक आर.एफ.-64, सुकवापारा परिसर में एक ढाबा, एक चाय दुकान और एक टायर पंचर दुकान संचालित पाई गईं। संचालकों को मौके पर समझाइश देकर दो दिनों के भीतर अतिक्रमण हटाने की लिखित सहमति ली गई।
इसी क्रम में बंजारी वृत्त के कक्ष क्रमांक आर.एफ.-62 और भोरमदेव अभ्यारण्य क्षेत्र के कक्ष क्रमांक आर.एफ.-72 में भी अवैध ढाबों की पहचान की गई। संचालकों को तत्काल अतिक्रमण हटाने की चेतावनी दी गई है।
वन विभाग ने दो टूक कहा है कि राष्ट्रीय राजमार्ग और वन क्षेत्र में किसी भी तरह का अतिक्रमण व व्यवसाय नियम विरुद्ध है। तय समयसीमा में ढाबा–दुकानें न हटाने पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
स्थानीय सूत्रों के अनुसार, लंबे समय से इस क्षेत्र में सड़क किनारे और वनभूमि पर अवैध व्यवसाय फल-फूल रहे थे। कार्रवाई के बाद अब लोगों में हड़कंप की स्थिति है