भोरमदेव सहकारी शक्कर उत्पादक कारखाना में कार्यरत श्रमिकों की सुविधा और कल्याण को ध्यान में रखते हुए बसंत पंचमी के पावन अवसर पर शहीद वीर नारायण सिंह श्रम अन्न योजना के अंतर्गत जिले की पहली श्रमिक कैंटीन का शुभारंभ किया गया। इस पहल से अब कारखाना में कार्यरत श्रमिकों को मात्र 5 रुपये में पौष्टिक एवं गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध होगा।
यह महत्वपूर्ण पहल उपमुख्यमंत्री एवं कवर्धा विधायक विजय शर्मा के प्रयासों से संभव हो सकी। सहकारिता मंत्री केदार कश्यप के सहयोग और जिले के प्रभारी मंत्री लखन लाल देवांगन के मार्गदर्शन में श्रमिकों के लिए यह सुविधा प्रारंभ की गई। कलेक्टर गोपाल वर्मा के मार्गदर्शन में श्रम विभाग और कारखाना प्रबंधन के समन्वय से इस योजना को सफलतापूर्वक धरातल पर उतारा गया।
भोरमदेव सहकारी शक्कर उत्पादक कारखाना के प्रबंध संचालक जी.एस. शर्मा ने बताया कि कैंटीन का संचालन दुर्ग की संस्था मेसर्स आर.के. एसोसिएट्स द्वारा किया जा रहा है। कैंटीन सप्ताह में छह दिन, प्रतिदिन दोपहर 12 बजे से 2 बजे तक संचालित होगी। श्रमिकों को भोजन में चावल, दाल, अचार, सलाद, सूखी एवं रसेदार सब्जी उपलब्ध कराई जाएगी, वहीं गर्मी के मौसम में छाछ भी दी जाएगी। प्रत्येक दिन के लिए अलग-अलग मेनू निर्धारित किया गया है।
उन्होंने बताया कि शहीद वीर नारायण सिंह श्रम अन्न योजना श्रम विभाग की एक महत्वाकांक्षी योजना है, जिसके तहत श्रमिकों से प्रति थाली केवल 5 रुपये लिए जाते हैं, जबकि शेष राशि शासन द्वारा सब्सिडी के रूप में वहन की जाती है। इस योजना से श्रमिकों के स्वास्थ्य, पोषण स्तर और कार्यक्षमता में सकारात्मक सुधार होने की उम्मीद है।
कैंटीन शुभारंभ अवसर पर भारतीय किसान संघ एवं समृद्ध किसान संघ के पदाधिकारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि, कारखाना प्रबंधन, कर्मचारीगण तथा बड़ी संख्या में किसान एवं श्रमिक उपस्थित रहे।