छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत वितरण कंपनी के 25 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में प्रदेशभर में रजत महोत्सव मनाया जा रहा है। इसी क्रम में शनिवार को विद्युत विभाग कुंडा द्वारा एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विभागीय अधिकारी–कर्मचारी, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में विद्युत उपभोक्ताओं ने सहभागिता की।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्युत सुरक्षा, ऊर्जा संरक्षण, डिजिटल माध्यम से बिल भुगतान, उपभोक्ता सुविधाओं के प्रति जागरूकता तथा विद्युत विभाग की 25 वर्षों की उपलब्धियों को जन-जन तक पहुंचाना रहा। आयोजन के माध्यम से ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में विद्युत विस्तार, सेवा प्रणाली में सुधार, तकनीकी मानकों, लाइन लॉस में कमी तथा उपभोक्ता हित में किए गए बदलावों की जानकारी दी गई।
इस अवसर पर कुंडा के जेई सत्यम मरावी ने विद्युत विभाग की 25 वर्षों की विकास यात्रा पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए बताया कि किस प्रकार बिजली ने गांव से शहर तक विकास की रफ्तार को मजबूत किया है। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि महेंद्र घृतलहरे ने कहा कि छत्तीसगढ़ के समग्र विकास में विद्युत विभाग की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। वहीं पिछड़ा वर्ग जिला अध्यक्ष कृष्णा चंद्राकर ने कहा कि बिजली आज केवल सुविधा नहीं बल्कि गांवों की शिक्षा, स्वास्थ्य, सिंचाई और छोटे व्यवसायों के लिए विकास की आधारशिला बन चुकी है। उन्होंने ऊर्जा संरक्षण एवं सोलर पैनल लगाने के लिए भी नागरिकों से अपील की।
सरपंच हरेंद्र चंद्राकर ने कहा कि विद्युत व्यवस्था में निरंतर सुधार से उपभोक्ताओं का भरोसा बढ़ा है तथा सुविधाओं को सरल बनाने और शिकायत निराकरण प्रणाली को और मजबूत करने की दिशा में विभाग का प्रयास सराहनीय है।
कार्यक्रम में बताया गया कि रजत महोत्सव केवल उत्सव नहीं, बल्कि उपभोक्ताओं से सीधा संवाद स्थापित करने का अवसर है। इस अवसर पर मंडल अध्यक्ष बालमुकुंद चंद्रवंशी, पिछड़ा वर्ग मंडल अध्यक्ष ध्वजाराम चंद्राकर सहित अनेक जनप्रतिनिधि, ग्राम कुंडा के पंच, ग्रामवासी, क्षेत्रवासी एवं विद्युत विभाग के कर्मचारी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।