BP NEWS CG
Breaking Newsकवर्धाछत्तीसगढ़पंडरियाबड़ी खबरसमाचारसिटी न्यूज़

बैगा छात्र की इलाज के अभाव में मौत – आश्रम अधीक्षक पर लापरवाही के आरोप,

Flex 10x20 new_1
previous arrow
next arrow
0 अधीक्षक बोले– “तत्काल दवा देकर परिजनों को बुलाया था”
कवर्धा
पंडरिया विकासखंड के ग्राम कुई स्थित आदिवासी बालक आश्रम में चौथी कक्षा के बैगा छात्र की दर्दनाक मौत ने आश्रम व्यवस्था, स्वास्थ्य सेवाओं और प्रशासनिक जिम्मेदारी पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। मृतक छात्र की पहचान मनेश पिता मिनकु बैगा (निवासी–छिन्दीडीह) के रूप में हुई है, जो विशेष पिछड़ी जनजाति बैगा समुदाय से था। उल्लेखनीय है कि बैगा समुदाय को देश में “राष्ट्रपति के दत्तक पुत्र” कहा जाता है और इन्हें विशेष संरक्षण प्राप्त है।
घटना कैसे हुई
सूत्रों के अनुसार अगस्त माह के पहले रविवार को छात्र मनेश अपने साथियों के साथ खेल रहा था। इसी दौरान सीनियर बच्चों से किसी बात को लेकर विवाद और मारपीट हुई। उसके बाद मनेश को पेट दर्द की शिकायत हुई।
ग्रामीणों के आरोप
ग्रामीणों का कहना है कि आश्रम अधीक्षक डहरिया ने बच्चे को गंभीर हालत में भी सरकारी अस्पताल ले जाने की जगह सिर्फ दवाई देकर परिजनों को बुलाया और उसे घर भेज दिया। छिन्दीडीह गांव बीहड़ जंगल में बसा है, जहां स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध नहीं है। इलाज न मिलने के कारण मनेश की मौत हो गई। ग्रामीणों का आरोप है कि यह सीधी-सीधी लापरवाही है और अधीक्षक इस मौत के जिम्मेदार हैं।
आश्रम अधीक्षक गणेश डहरिया ने आरोपों को खारिज करते हुए कहा –
“बच्चा अन्य बच्चों के साथ खेल रहा था। अचानक पेट में दर्द की शिकायत हुई। हमने तुरंत उसे भोजन कराकर आश्रम में उपलब्ध दवाई दी । इसके बाद परिजनों को सूचित कर बच्चे को उनके साथ घर भेज दिया। रविवार होने के कारण सरकारी अस्पताल में नियमित सेवाएं बंद थीं।”
बड़ा सवाल
यह घटना बैगा जनजाति जैसे संवेदनशील और संरक्षित समुदाय के बच्चों की सुरक्षा पर सवाल खड़ा करती है। सरकार इन बच्चों को विशेष संरक्षण देने का दावा करती है, लेकिन जमीनी स्तर पर आश्रमों में स्वास्थ्य सुविधा, आपातकालीन व्यवस्था और जिम्मेदारी की कमी साफ झलकती है।
ग्रामीण अब इस मामले की उच्चस्तरीय जांच और अधीक्षक पर कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।

IMG-20250710-WA0006
previous arrow
next arrow

Related posts

पंडरिया जनपद चुनाव में भाजपा अधिकृत प्रत्याशी चुने गए अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष

Bhuvan Patel

पीएम-किसान योजना की 20वीं किस्त का होगा वितरण, 2 अगस्त को मनाया जाएगा “पीएम-किसान दिवस”

Bhuvan Patel

छत्तीसगढ़ के विशेष पिछड़ी जनजातियों के दल ने राष्ट्रपति से भेंट-मुलाकात की पांच विशेष पिछड़ी जनजातियों के प्रतिनिधि मंडल ने राष्ट्रपति का बिरनमाला से स्वागत किया

Bhuvan Patel

Leave a Comment

error: Content is protected !!